साध्वी प्रीति प्रियंवदा जी के सान्निध्य में उमड़े श्रद्धालु, हनुमान चालीसा का हुआ भावपूर्ण विवेचन
उदित भास्कर. जोधपुर
कमला नेहरू नगर स्थित भारत समन्वय धाम श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर में ओम भागवत सत्संग परिवार के सान्निध्य में चल रही सात दिवसीय दिव्य श्री हनुमान कथा एवं भरत चरित्र के षष्ठम दिवस शनिवार को हनुमान चरित्र का शुभारंभ हुआ। कथा व्यास परम पूज्य रामस्नेही संत श्री अर्जुन राम जी महाराज ने भगवान हनुमानजी के प्रेम, भक्ति, बल, पराक्रम और प्रभु श्रीराम के प्रति उनके अनन्य समर्पण का भावपूर्ण वर्णन किया।
कथा में हनुमान चालीसा की चौपाइयों का सरल एवं विस्तृत भावार्थ समझाते हुए उनके भीतर छिपे भक्ति और जीवन-संदेश को श्रद्धालुओं तक पहुंचाया गया। हनुमानजी के श्रीराम के प्रति प्रेम, सेवा और समर्पण के प्रसंगों ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया।
इस अवसर पर साध्वी प्रीति प्रियंवदा जी का विशेष सान्निध्य प्राप्त हुआ। उन्होंने अपने उद्बोधन से श्रद्धालुओं में भक्ति, उत्साह और उमंग का संचार किया। कथा पंडाल में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और जय हनुमान व जय श्रीराम के जयकारों से वातावरण गूंज उठा।
आज होगा कथा का समापन
सात दिवसीय कथा का रविवार को सप्तम एवं अंतिम दिवस होगा। अंतिम दिवस पर हनुमान चालीसा की शेष चौपाइयों का भावपूर्ण विवेचन किया जाएगा। कथा व्यास श्री अर्जुन राम जी महाराज ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से अंतिम दिवस की कथा में पहुंचने का आह्वान किया। अंतिम दिवस कथा का समय सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक रहेगा।








